डीमार्ट के लिए बढ़ेंगी मुश्किलें, ब्लिंकिट, स्विगी और जेप्टो की तिकड़ी का असर
मुंबई- 10 मिनट में सामान पहुंचाने वाला क्विक कॉमर्स अब सिर्फ बड़े शहरों का खेल नहीं रह गया है। अब छोटे शहरों में भी लोग तेजी से Blinkit, Swiggy Instamart और Zepto जैसे प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहे हैं। कई छोटे शहरों में इन कंपनियों को बड़े शहरों के मुकाबले ज्यादा कमाई हो रही है। इसी बीच Amazon और Flipkart भी इस बाजार में तेजी से विस्तार कर रहे हैं, जिससे आने वाले समय में मुकाबला और कड़ा होने वाला है।
Emkay Global की एक रिपोर्ट के मुताबिक, क्विक कॉमर्स सेक्टर की ग्रोथ उम्मीद से कहीं ज्यादा मजबूत बनी हुई है। ब्रोकरेज ने Eternal (Zomato) और Swiggy को खरीदने की रेटिंग बरकरार रखी है। Eternal के लिए 370 रुपये और Swiggy के लिए 350 रुपये का टारगेट प्राइस दिया गया है। वहीं DMart चलाने वाली Avenue Supermarts के शेयरों को बेचने की सलाह दी है।
अब छोटे शहरों में भी लोग तेजी से ऑनलाइन सामान मंगा रहे हैं। कई टियर-2 और टियर-3 शहरों में कंपनियों का खर्च कम है। यहां किराया कम है, डिलीवरी का खर्च कम है और ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए ज्यादा छूट भी नहीं देनी पड़ती। यही वजह है कि कुछ शहरों में कंपनियां बड़े शहरों से भी बेहतर कमाई कर रही हैं।
Blinkit, Zepto और Swiggy की तेजी से बढ़ती लोकप्रियता को देखकर Amazon और Flipkart भी अब पीछे नहीं रहना चाहते। Flipkart Minutes अपने डार्क स्टोर्स की संख्या तेजी से बढ़ा रहा है। वहीं Amazon Now भी धीरे-धीरे नए शहरों में पहुंच रहा है। बाजार में चर्चा है कि Amazon अगले कुछ साल में अपने डार्क स्टोर्स की संख्या दोगुनी कर सकता है।
Swiggy Instamart ने पिछले कुछ समय में अपनी रणनीति बदली है। अब कंपनी सिर्फ तेजी से बढ़ने के बजाय कमाई पर भी ध्यान दे रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, Swiggy वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही तक अपने क्विक कॉमर्स कारोबार को ब्रेक-ईवन तक पहुंचा सकती है। आसान शब्दों में कहें तो कंपनी का यह कारोबार घाटे से बाहर निकल सकता है। अगर ऐसा होता है तो Swiggy आगे और तेजी से विस्तार कर सकती है।
क्विक कॉमर्स कंपनियां अब सिर्फ दूध, ब्रेड और सब्जियां नहीं बेच रही हैं। मोबाइल एक्सेसरीज, इलेक्ट्रॉनिक्स, ब्यूटी प्रोडक्ट्स, ज्वेलरी और दूसरे कई सामान भी अब कुछ ही मिनटों में घर पहुंच रहे हैं। यही वजह है कि इस कारोबार का बाजार लगातार बड़ा होता जा रहा है।
रिपोर्ट का सबसे बड़ा निष्कर्ष यह है कि क्विक कॉमर्स की बढ़ती लोकप्रियता अब DMart जैसे बड़े रिटेलर्स के लिए चुनौती बनती जा रही है। पहले लोग महीनेभर का राशन और रोजमर्रा का सामान खरीदने के लिए सुपरमार्केट जाते थे, लेकिन अब वही सामान कुछ ही मिनटों में घर पहुंच रहा है।

