दिवाली में इन शेयरों पर दांव लगाने की सलाह, एसबीआई सिक्योरिटीज की राय
मुंबई- संवत 2082 में निफ्टी 50 और सेंसेक्स ने नेगेटिव रिटर्न दिए। एनर्जी की कीमतों में उतार-चढ़ाव और जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता का असर निवेशकों की संपत्ति पर पड़ा।
इस बीच SBI सिक्योरिटीज ऐसे कंपनियों पर दांव लगा रही है जिन्हें भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर और मैन्युफैक्चरिंग पर जोर, कमोडिटी मार्केट में बढ़ती भागीदारी और घरेलू मांग में विस्तार से फायदा मिल सकता है।
ब्रोकरेज हाउस के मुताबिक, टाटा स्टील का शेयर 200 रुपये तक जा सकता है। इसे खरीदने की सलाह है। ब्रोकरेज फर्म ने कहा कि इंटीग्रेटेड ऑपरेशंस और आयरन ओर तथा कोयले की कुछ जरूरतों के लिए खुद के स्रोतों तक पहुंच होने से कंपनी को लागत के मामले में फायदा मिलता है। कंपनी की योजना भारत में अपनी स्टील उत्पादन क्षमता को FY26 के 27.4 मिलियन टन से बढ़ाकर FY31 तक 40 मिलियन टन करने की है।
इंडियन होटल के शेयर को खरीदने की सलाह के साथ अनुमान है कि यह 935 रुपये तक जा सकता है। SBI सिक्योरिटीज का मानना है कि ‘एक्सेलरेट 2030’ (Accelerate 2030) रणनीति के तहत, मजबूत ब्रांड, प्रीमियम रूम रेट और विस्तार योजनाओं से इंडियन होटल्स को फायदा मिलेगा। कंपनी का लक्ष्य 2030 तक 700 से अधिक होटल चलाना और 15,000 करोड़ रुपये से ज्यादा का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू हासिल करना है।
मल्टी कमोडिटीज एक्सचेंज का शेयर 3633 रुपये तक जा सकता है। कमोडिटी डेरिवेटिव्स में MCX की मजबूत स्थिति, जिसका मार्केट शेयर लगभग 99 प्रतिशत है, इसका मुख्य फायदा है। SBI सिक्योरिटीज को उम्मीद है कि रिटेल भागीदारी बढ़ने और बुलियन (कीमती धातुओं) तथा एनर्जी कॉन्ट्रैक्ट्स में लगातार गतिविधि रहने से ट्रेडिंग वॉल्यूम को सपोर्ट मिलेगा। इसके इन-हाउस ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म ने ऑपरेटिंग लीवरेज को बेहतर बनाने में भी मदद की है।
इसी तरह ज्योति सीएनसी का शेयर 1087 रुपये तक जा सकता है। ज्योति सीएनसी को एयरोस्पेस, डिफेंस, ऑटोमोटिव और जनरल इंजीनियरिंग क्षेत्रों से आने वाली मांग का फायदा मिलने की उम्मीद है। Q1FY27 में कंपनी की ऑर्डर बुक 4,848 करोड़ रुपये की थी, जिससे आने वाली कई तिमाहियों तक काम की स्पष्टता मिलती है।
स्काई गोल्ड एँड डायमंड का शेयर 1080 रुपये तक जा सकता है। यह आभूषण निर्माता कंपनी अपने स्थापित रिटेल ग्राहकों और निर्यात के दायरे को बढ़ाकर अपनी उपस्थिति का विस्तार करना चाहती है। इसके ‘विज़न 2030’ प्लान का लक्ष्य 18,000–19,000 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हासिल करना और कंपनी को पूरी तरह से कर्ज-मुक्त (नेट-डेट-फ्री) बनाना है।
पावरमेक का शेयर 2576 रुपये तक जा सकता है। सितंबर 2026 में पावर मेच का ऑर्डर बैकलॉग, जिसमें माइन विकास परियोजनाएं भी शामिल हैं, 56,647 करोड़ रुपये था। एसबीआई सिक्योरिटीज को उम्मीद है कि सिविल इंफ्रास्ट्रक्चर, ऑपरेशंस एंड मेंटेनेंस, और माइनिंग सेवाओं के काम से कंपनी की ग्रोथ को बढ़ावा मिलेगा।
सेंट्रम इलेक्ट्रॉनिक्स का शेयर 4980 रुपये तक जा सकता है। डिफेंस, स्पेस और एयरोस्पेस प्रोग्राम्स में मौजूदगी, और ग्राहकों के साथ लंबे समय से चले आ रहे संबंधों की वजह से सेंटम को एक प्रतिस्पर्धी बढ़त हासिल है। SBI सिक्योरिटीज को उम्मीद है कि कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी में सुधार आएगा, क्योंकि ‘बिल्ड-टू-स्पेसिफिकेशन’ (ग्राहकों की खास जरूरतों के अनुसार बनाए जाने वाले) प्रोजेक्ट्स, जिनमें मार्जिन ज्यादा होता है, कंपनी के कारोबार में बड़ी हिस्सेदारी लेने लगेंगे।
ल्यूमैक्स इंडस्ट्रीज के शेयर को 6097 रुपये तक जाने का अनुमान जताया गया है। ब्रोकरेज को उम्मीद है कि वाहनों में LED के बढ़ते इस्तेमाल और प्रति वाहन अधिक कंपोनेंट्स (सामग्री) के उपयोग से लुमैक्स को फायदा होगा। वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही में कंपनी की ऑर्डर बुक 2,580 करोड़ रुपये की थी, जिसमें से 88 प्रतिशत हिस्सा LED लाइटिंग का है।

