कारों में अब ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेक, ड्राइवर की झपकी पर बजेगा अलार्म
मुंबई- अब कारों में ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेक की सुविधा आएगी। इससेअगर आपकी कार के सामने अचानक कोई आ जाता है, तो गाड़ी अपने आप ब्रेक लगाकर रुक जाएगी। 1 अक्टूबर 2030 से लॉन्च होने वाले सभी नए कारों में ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग सिस्टम’ (AEBS) मिलेगा।
2032 से बाजार में बिकने वाली सभी नई-पुरानी कारों में यह सिस्टम देना जरूरी हो जाएगा। परिवहन मंत्रालय (MoRTH) ने सड़क हादसे रोकने और गाड़ियों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए इस सेफ्टी फीचर को अनिवार्य करने का प्रस्ताव दिया है। कॉमर्शियल गाड़ियों में ड्राइवर स्लीप वॉर्निंग सिस्टम भी अनिवार्य किया जाएगा, जो ड्राइवर को नींद आने या ध्यान भटकने पर अलर्ट करेगा।
अभी ऑटोमैटिक ब्रेक लगाने वाली यह सुविधा सिर्फ एडवांस ड्राइविंग असिस्ट सिस्टम (ADAS) तकनीक वाली महंगी और प्रीमियम कारों में ही आती है। सरकार नए नियमों के तहत इस फीचर को भारत की सड़कों और ट्रैफिक के माहौल के हिसाब से बेहतर बनाने का प्रस्ताव ला रही है।
न सिर्फ पैसेंजर कारों के लिए, बल्कि 3.5 टन तक माल ढोने वाली छोटी कमर्शियल गाड़ियों के लिए भी सरकार नियम बदलने जा रही है। अगर कंपनियां 1 अक्टूबर 2028 से कारों या छोटे मालवाहक वाहनों में ऑटोमैटिक ब्रेक का फीचर देती हैं, तो उन्हें इसे भारतीय मानकों के हिसाब से ही बनाना होगा।
नए नियम के तहत1 अक्टूबर 2029 से बस, कैब और कमर्शियल गाड़ियों में ऐसा सिस्टम लगाना जरूरी होगा जो ड्राइवर की झपकी या ध्यान भटकने पर तुरंत अलार्म बजाकर उसे सचेत कर देगा। कमर्शियल गाड़ियों में यह तकनीक अनिवार्य होगी, जो गाड़ी को सड़क की अपनी लेन से बाहर भटकने नहीं देगी।

