एक साल में 41% टूटे म्यूचुअल फंड कंपनियों के शेयर, यूटीआई 41 पर्सेंट गिरा
मुंबई- पिछले तीन साल में निप्पॉन लाइफ इंडिया एएमसी के शेयर ने 157.15 फीसदी रिटर्न दिया, जबकि यूटीआई एएमसी का शेयर इसी अवधि में 6.28 फीसदी ही चढ़ा। लेकिन एक साल में इन कंपनियों के शेयरों में भारी गिरावट दर्ज की गई है। पिछले एक साल में यूटीआई एएमसी के शेयर में 41.14 फीसदी गिरावट आई है।
इस दौरान एचडीएफसी एएमसी के शेयर में भी एक साल में 18.87 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, आदित्य बिड़ला सन लाइफ एएमसी के शेयर ने एक साल में 7 फीसदी रिटर्न दिया। कंपनियों के शेयरों के प्रदर्शन में यह अंतर ऐसे समय में दिखा है, जब म्यूचुअल फंड में निवेश का फ्लो बढ़ा है।
सितंबर में शेयरों में निवेश करने वाली म्युचुअल फंड योजनाओं में शुद्ध निवेश अगस्त की तुलना में 31 पर्सेंट बढ़कर 38,306.55 करोड़ रुपये हो गया। अगस्त में यह रकम 29,328.62 करोड़ रुपये थी। इसी तरह अगस्त में एसआईपी निवेश 32,297 करोड़ रुपये था, जो सितंबर में बढ़कर 32,490 करोड़ रुपये हो गया।
हालांकि, म्युचुअल फंड उद्योग की कुल प्रबंधन के तहत परिसंपत्तियां (एयूएम) अगस्त के अंत में 87.08 लाख करोड़ रुपये से घटकर सितंबर के अंत में 82.64 लाख करोड़ रुपये रह गईं। एचडीएफसी एएमसी का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर 4.2 फीसदी बढ़कर 748.73 करोड़ रुपये रहा।
निप्पॉन लाइफ इंडिया एएमसी की आय करीब 17.9 फीसदी बढ़कर 818.89 करोड़ रुपये रही। कामकाज से होने वाला मुनाफा 25.1 फीसदी बढ़कर 537.47 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि, शुद्ध मुनाफा 344.64 करोड़ रुपये से घटकर 324.37 करोड़ रुपये रह गया।
विश्लेषकों के मुताबिक, किसी एएमसी कंपनी को समझने के लिए उसकी योजनाओं का कम से कम तीन से पांच साल का प्रदर्शन देखना चाहिए। यह भी देखना चाहिए कि बाजार में तेजी और गिरावट के समय इन योजनाओं ने कितना रिटर्न दिया। साथ ही, दूसरी समान योजनाओं के मुकाबले उनका प्रदर्शन कैसा रहा।

