आईटी कंपनियों के शेयरों में एक लाख का निवेश बन सकता है 1.89 लाख रुपये
मुंबई-शेयर बाजार की भारी गिरावट और एआई की डर से पिटे आईटी कंपनियों के शेयरों में आगे भारी तेजी आने की उम्मीद है। ब्रोकरेज हाउसों का मानना है कि कुछ समय बाद ये स्टॉक फिर से अपने पुराने भाव पर आ सकते हैं। इससे इनमें 89 फीसदी तक का रिटर्न मिल सकता है।
यानी इसका मतलब अगर आप इस समय आईटी शेयर में एक लाख रुपये का निवेश करते हैं तो यह आगे चलकर 1.89 लाख रुपये तक हो सकता है। ब्रोकरेज फर्म Nuvama Institutional Equities का मानना है कि Gen AI भारतीय आईटी सर्विस इंडस्ट्री के वजूद के लिए खतरा नहीं है। पिछले कुछ महीनों में आईटी शेयरों में तेज गिरावट आई है। नुवामा का कहना है कि के आईटी कंपनियों के वैल्यूएशन अब काफी आकर्षक हो गए हैं।
ब्रोकरेज का कहना है कि वह मिड और लॉन्ग टर्म के नजरिए से भारतीय आईटी सेक्टर को लेकर पॉजिटिव है। हालांकि निकट अवधि में बाजार में उतार चढ़ाव बना रह सकता है। एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर को कंपनियों की जरूरत के हिसाब से कस्टमाइज करने और सिस्टम को इंटीग्रेट करने के लिए सिस्टम इंटीग्रेटर की जरूरत हमेशा रहेगी। और यह भूमिका आईटी सर्विस कंपनियां निभाती रहेंगी।
नुवामा के मुताबिक आईटी सेक्टर में कमाई के अनुमान घटने का दौर अब लगभग खत्म हो चुका है। पिछली दो तिमाहियों में ज्यादातर कंपनियों के EPS अनुमान में बड़ी कटौती नहीं हुई है। इससे संकेत मिलता है कि आगे कमाई के अनुमानों में बड़ी गिरावट की संभावना सीमित है।
Nuvama का कहना है कि बिजनेस टू बिजनेस यानी B2B सेक्टर में किसी भी नई तकनीक को अपनाने का तरीका बिजनेस टू कंज्यूमर यानी B2C सेक्टर से काफी अलग होता है।
भले ही कंपनियां ऑटोमेशन अपनाएं, लेकिन सिस्टम की जिम्मेदारी लेने और उसे संभालने के लिए किसी एक्सपर्ट की जरूरत हमेशा रहेगी। यह काम आईटी सर्विस कंपनियां करती हैं और आगे भी करती रहेंगी।
पिछले कुछ महीनों में Gen AI को लेकर बढ़ती चिंताओं के कारण भारतीय आईटी शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिली है। साल की शुरुआत से अब तक Nifty IT Index करीब 21 प्रतिशत गिर चुका है। इसी अवधि में बड़ी आईटी कंपनियों के शेयर करीब 20 प्रतिशत और मिडकैप आईटी कंपनियों के शेयर लगभग 25 प्रतिशत तक टूट गए हैं।
ब्रोकरेज के मुताबिक इस गिरावट के बाद कई बड़ी आईटी कंपनियों के शेयर अब पिछले 15 साल के औसत वैल्यूएशन से नीचे ट्रेड कर रहे हैं। कुछ कंपनियां तो इस अवधि के सबसे निचले वैल्यूएशन के करीब पहुंच गई हैं। वहीं मिडकैप आईटी कंपनियों के शेयर करीब 1x PEG मल्टीपल के आसपास ट्रेड कर रहे हैं, जिसे भी काफी निचला स्तर माना जाता है।
ब्रोकरेज हाउस ने कहा, कोफोर्ज के शेयर में सबसे अधिक 89 पर्सेंट का फायदा मिल सकता है। यह शेयर 2,100 रुपये तक जा सकता है। एम्फेसिस का शेयर 3,100 रुपये तक जा सकता है यानी इसमें एक लाख रुपये का निवेश 1.42 लाख रुपये बन सकता है। इसी तरह एलटीआई माइंडट्री का शेयर 41 पर्सेंट की तेजी के साथ 6,100 रुपये के पार हो सकता है। टीसीएस के शेयर में महज 31 फीसदी का रिटर्न मिलेगा और यह 3,300 रुपये को पार कर सकता है।
इन्फोसिस के शेयरों में 27 पर्सेंट की रिटर्न मिलने की उम्मीद है। इसका शएयर यहां से 1,650 रुपये तक जा सकता है। हैक्सावेयर के शेयरों में 24 पर्सेंट, विप्रो के शेयरों में 21 फीसदी और एचसीएल टेक के शेयरों में सबसे कम 14 पर्सेंट तक का रिटर्न मिलने की उम्मीद जताई गई है। हालांकि, कुछ समय पहले इन सभी कंपनियों के शेयरों का भाव वर्तमान के आकलन से काफी ज्यादा था लेकिन अब इनका टारगेट कम कर दिया गया है।

